गुरुवार, 13 अगस्त 2009

स्वाइन फ्लु की ऐसी की तैसी (ऐसे निपटे इस बीमारी से )


क्या आपके पास ये सब है ????
सुलगता जिस्म
नशीली आँखें
कंपकंपाते गुलाबी होंठ
थरथराता बदन
कंपकंपाती सीटी सी आवाज

अगर ये सब आपके पास है .......... तो
घबराए नहीं
आपको स्वाइन फ्लू है !!
इलाज की अपेक्षा प्यार बेहतर है जिंदगी ऐसे खुल कर जियें ,वायरस इसे देख कर ख़ुद ही शरीर से भागजाएगा

8 टिप्‍पणियां:

सिद्धार्थ शंकर त्रिपाठी ने कहा…

:)
:) :)
:) :) :)

गिरिजेश राव ने कहा…

अरविन्द जी की अनुशंसा के बाद सुअरा के इस नए रोकथाम पर पहुँचा तो सोच रहा हूँ कि ये हमारे दिमाग में पहले क्यों नहीं आया ?

आचार्य नमन स्वीकार करें।

प्यार करते समय जो हार्मोन स्रवित होते हैं, उनके सुअरा पर जो मारक प्रभाव हो सकते हैं, अरविन्द जी उन पर शोध कर रहे हैं। उन्हें मेरी शुभकामनाएँ। उनको आप भी शुभेच्छा से अनुग्रहीत करें।

हिमांशु । Himanshu ने कहा…

निपट लेंगे अब । राह सुझाई- आभार ।

भारतीय नागरिक - Indian Citizen ने कहा…

फोटो बहुत बढिया है.

Arvind Mishra ने कहा…

मनुष्य नाम का प्राणि हर हाल में अपनी जुगाड़ भिडा ही लेता है -जुग जुग जियें इस जुगत के लिए !

अनूप शुक्ल ने कहा…

जय हो। आप धांसू लिखते हैं। धंस के लिखें।

k.r. billore ने कहा…

arunji,,nuskha raamban hai bagair kisi side effect ke .intzar hai sirff iske symptoms ke ,,,kamna mumbai,,

alka sarwat ने कहा…

यह चुटकुला मैंने हिन्दुस्तान पेपर में पढा था वहाँ भी पसंद आया ,यहाँ भी
तस्वीर तारीफ़ के लायक हैं